* रिहायशी कालोनी में धरना लगाने पर कार्रवाई की उठाई मांग
फगवाड़ा (डॉ रमन) नगर निगम फगवाड़ा के पूर्व मेयर अरुण खोसला पर ओंकार नगर में ट्यबवैल के बोर को लेकर राजनीति करने का आरोप लगाते हुए आज कांग्रेस पार्टी की ओर से मार्किट कमेटी फगवाड़ा के चेयरमैन नरेश भारद्वाज की अगवाई में स्थानीय रैस्ट हाऊस में प्रैस वार्ता की गई। इस दौरान नरेश भारद्वाज एवं उनके साथ उपस्थित पूर्व पार्षदों जतिन्द्र वरमानी, मनीष प्रभाकर, सुशील मैनी एवं संजीव बुग्गा ने कहा कि जिस ट्यूबवैल को लेकर मेयर तथा उसके साथी धरने आदि लगा रहे हैं उसका प्रस्ताव वर्ष 2015 में नगर निगम फगवाड़ा में तब पारित किया गया था जब अरुण खोसला मेयर थे और फगवाड़ा कार्पोरेशन पर भाजपा का कब्जा था। उस समय हलका विधायक सोम प्रकाश कैंथ पंजाब सरकार में मुख्य संसदीय सचिव थे लेकिन बावजूद इसके क्षेत्र के लोगों की भारी मांग के बावजूद ट्यूबवैल का बोर नहीं करवाया गया। लोग स्वच्छ पीने वाले पानी की समस्या से लगातार जूझते आ रहे थे। नरेश भारद्वाज ने कहा कि अब मौजूदा विधायक बलविन्द्र सिंह धालीवाल के प्रयास से जब इस क्षेत्र में उक्त पारित प्रस्ताव के साथ संलग्र नक्शे के अनुसार ग्रेटर कैलाश में ट्यूबवैल का बोर होने जा रहा है तो मेयर खोसला व उसके चुनिंदा साथी इसका विरोध कर रहे हैं। संजीव बुग्गा ने कहा कि मेयर खोसला ने अपने पांच वर्ष के कार्यकाल में शहर का कोई काम नहीं करवाया और अब जबकि कांग्रेस द्वारा विकास के काम युद्ध स्तर पर करवाये जा रहे हैं तो मेयर खोसला से यह सब बर्दाश्त नहीं हो रहा। जतिन्द्र वरमानी ने कहा कि भाजपा अपनी जमीन खो चुकी है इसलिए बिना वजह मुद्दे खड़े करके अखबारों की सुर्खियां बटोरने का प्रयास कर रही है। सुशील मैनी बताया कि पहले इस वार्ड के लोगों को पीने के पानी की सप्लाई इंडस्ट्रीयल एरिया में स्थापित ट्यूबवैल से होती थी जिससे पानी का प्रैशर कम होने की वजह से लोग परेशान थे। अब विधायक धालीवाल के प्रयास से ग्रेटर कैलाश में ट्यूबवैल का बोर होने के बाद ओंकार नगर के लोगों को लंबे समय से पेश आ रही पानी के कम प्रैशर की समस्या का समाधान होगा। मनीष प्रभाकर ने कहा कि जो स्थान विभागीय इंजीनियर ने तकनीकी तथ्यों को मद्देनजर रखते हुए चुना है वह सर्वमान्य होना चाहिए। इस पर किसी को नुक्ताचीनी नहीं करनी चाहिए। तकनीकी बातों को विशेषज्ञों के अतिरिक्त कोई नहीं समझ सकता। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि रिहायशी कालोनी में धरना लगाने का कोई अर्थ नहीं है। खास तौर पर जब कोविड-19 कोरोना महामारी का प्रकोप फैला है तो यह और भी संगीन मामला हो जाता है। यदि धरना लगाना ही है तो प्रशासनिक अधिकारियों के कार्यालयों के समक्ष लगाया जाना चाहिए। उन्होंने पुलिस तथा प्रशासन से मांग कर कहा कि मेयर खोसला के खिलाफ कोरोना महामारी को निमंत्रण देने के आरोप में बनती कानूनी कार्रवाई की जाए। इस अवसर पर पूर्व पार्षद पदमदेव सुधीर, दर्शन लाल धर्मसोत, बंटी वालिया, अमरजीत सिंह, अविनाश गुप्ता बाशी, सुखपाल सिंह, रविन्द्र भल्ला, हर्ष शर्मा, संजीव भटारा जज्जी, राजन शर्मा, प्रमोद जोशी, रामपाल उप्पल, मनीष भारद्वाज, गुरजीत पाल वालिया, धीरज कुमार आदि उपस्थित थे।